Synopsis
इक्कीस दिन में इक्कीस कविताएँ लिखना, यह कोई आसान काम नहीं था। यह मेरा पहला एक्सपेरिमेंट है हिंदी के साथ, और, वो भी एक चैलेंज के रूप में।
उबलते पानी के मेंढ़क, समसामयिक घटनाओं एवं ज्वलंत मुद्धों पर मेरे विचारों से अवगत कराती इक्कीस कविताओं का संग्रह है।
रोज़मर्रा की सरल भाषा में लिखी कविताओं में हर उम्र का पाठक अपने आप को वर्णित होता देखता है। कहीं ना कहीं उसके अपने जीवन में घटी परिस्थितियों का वर्णन होता देख, पाठक बार-बार इन कविताओं को गुनगुनाता है, जीता है, और आने वाले कल को बेहतर बनाने की कल्पना करता है।
‘द बुक लीफ़’ ने सब कुछ बहुत आसान बना दिया है— किसी को भी अपने मन की बात रखने का एक खूबसूरत ज़रिया दिया, किताबों के द्वारा। मैं ‘द बुक लीफ़’ का आभारी हूँ, मुझे ये मौक़ा देने के लिए।
ईश्वर की कृपा से अब, मैं एक फ़िक्शन लेखक और कहानीकार के साथ-साथ, एक कवि भी बन गया।
Buy Now